मथुरा के राजीव एकेडमी फॉर टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट यानी आरएटीएम में बीसीए पंचम सेमेस्टर के विद्यार्थियों के लिए विशेष अतिथि व्याख्यान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में वरिष्ठ इंफ्रास्ट्रक्चर विंडोज सर्वर इंजीनियर और आरएटीएम के पूर्व छात्र सुंदरम गौड़ ने विद्यार्थियों को तकनीकी क्षेत्र में करियर की संभावनाओं और सफलता के लिए जरूरी कौशल के बारे में जानकारी दी।
बीसीए विभाग की ओर से आयोजित कार्यक्रम में सुंदरम गौड़ ने अपने छात्र जीवन से लेकर आईबीएम में कार्य करने और वर्तमान में एनसीआर वॉयिक्स में सेवाएं देने तक के व्यावसायिक सफर को विद्यार्थियों के साथ साझा किया।
उन्होंने कहा कि तकनीकी क्षेत्र में सफलता के लिए केवल किताबी ज्ञान पर्याप्त नहीं है। निरंतर सीखने की प्रवृत्ति, आत्मविश्वास, मेहनत और व्यावहारिक ज्ञान भी बेहद जरूरी है।
सुंदरम गौड़ ने विद्यार्थियों को बदलती तकनीकी दुनिया के अनुरूप खुद को तैयार करने और अपने कौशल को लगातार विकसित करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने वर्चुअलाइजेशन, वीएमवेयर सहित आधुनिक तकनीकों की उपयोगिता और करियर में उनके महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने तकनीकी दक्षता के साथ-साथ संचार कौशल, आत्मविश्वास और व्यावहारिक सोच विकसित करने पर भी जोर दिया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों के लिए संवादात्मक गतिविधियां, प्रश्नोत्तरी और अन्य रोचक गतिविधियां भी आयोजित की गईं, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साह के साथ भाग लिया।
संस्थान के डायरेक्टर डॉ. अमर कुमार सक्सेना ने कहा कि विद्यार्थियों को कक्षा में मिलने वाले सैद्धांतिक ज्ञान के साथ उद्योग जगत के अनुभवी विशेषज्ञों से प्रत्यक्ष मार्गदर्शन मिलना भी जरूरी है। ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों को वास्तविक कार्यक्षेत्र की चुनौतियों को समझने और अपने करियर को लेकर स्पष्ट दृष्टिकोण विकसित करने में मदद करते हैं।
वहीं, संस्थान के चेयरमैन डॉ. रामकिशोर अग्रवाल ने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक दौर में सफलता के लिए तकनीकी ज्ञान के साथ आत्मविश्वास, प्रभावी संचार कौशल और व्यावहारिक सोच भी जरूरी है। उन्होंने विद्यार्थियों से बदलती तकनीकी दुनिया के अनुरूप खुद को तैयार करने और नई-नई तकनीकों को सीखते रहने का आह्वान किया।