शिमला | हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश के चलते विश्व धरोहर कालका-शिमला हेरिटेज रेलवे पर बड़ा संकट खड़ा हो गया है। सोलन जिले में पहाड़ी दरकने से रेलवे ट्रैक के नीचे की मिट्टी बह गई और एक हिस्से में ट्रैक हवा में लटक गया। सुरक्षा को देखते हुए रेलवे ने तत्काल ट्रेन संचालन रोक दिया और कई टॉय ट्रेनें रद्द कर दीं।
उत्तरी रेलवे के अनुसार इस घटना के समय ट्रेनों में सवार 391 यात्रियों और 40 रेलवे कर्मचारियों को सुरक्षित निकालकर कालका पहुंचाया गया। राहत एवं बचाव अभियान तेजी से चलाया गया और सभी यात्रियों को बिना किसी जनहानि के सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया।
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि भारी वर्षा के कारण पहाड़ी से मिट्टी खिसकने से ट्रैक को सहारा देने वाली जमीन कमजोर हो गई, जिससे पुल के पास का हिस्सा असुरक्षित हो गया। इंजीनियरिंग टीम मौके पर मरम्मत और ट्रैक की स्थिरता जांचने में जुटी है। जब तक लाइन पूरी तरह सुरक्षित घोषित नहीं होती, तब तक इस रूट पर ट्रेन सेवाएं प्रभावित रहेंगी।
यात्रियों से अपील की गई है कि कालका-शिमला टॉय ट्रेन से यात्रा करने से पहले रेलवे की नवीनतम सूचना अवश्य जांच लें। फिलहाल प्रशासन का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और मरम्मत कार्य पूरा होने के बाद ही सेवाएं बहाल की जाएंगी।