कान्हा की नगरी मथुरा सावन के पावन महीने में पूरी तरह भक्ति के रंग में रंगी नजर आ रही है। शहर के कोतवाली रोड स्थित लुधियाना वाली गली में विराजमान प्राचीन मां कैला देवी मंदिर में 36वें वार्षिक धार्मिक महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। इस दौरान मां के दरबार को आकर्षक फूलों से सजाकर भव्य फूल बंगला तैयार किया गया, जिसने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया।
बुधवार रात आयोजित महोत्सव के दौरान कोतवाली रोड मां कैला देवी के जयकारों से गूंज उठा। विशाल पंडाल में मां कैला देवी और मां चामुंडा के स्वरूपों का बेहद मनमोहक श्रृंगार किया गया। विधि-विधान के साथ अखंड ज्योत प्रज्वलित कर मां की पूजा-अर्चना की गई।
धार्मिक महोत्सव के दौरान आयोजित भव्य जगराते में प्रसिद्ध भजन गायकों ने मां के एक से बढ़कर एक भक्ति गीत प्रस्तुत किए। भजनों की मधुर धुन पर श्रद्धालु देर रात तक झूमते और नाचते नजर आए। पूरा वातावरण भक्ति और माता के जयकारों से भक्तिमय बना रहा।
मंदिर के सेवायतों ने बताया कि मां कैला देवी के वार्षिक महोत्सव की यह परंपरा उनके गुरुजी स्वर्गीय राजा राम द्वारा शुरू की गई थी, जिसे पिछले 36 वर्षों से लगातार पूरी श्रद्धा और निष्ठा के साथ निभाया जा रहा है।
महोत्सव के अवसर पर मां को 56 भोग अर्पित किए गए। पूजा-अर्चना के बाद विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने पहुंचकर मां का प्रसाद ग्रहण किया।
मां कैला देवी के भव्य फूल बंगले, अलौकिक श्रृंगार, 56 भोग और रातभर चले जगराते ने मथुरा की धार्मिक आस्था और भक्ति की अद्भुत तस्वीर पेश की।