लखनऊ अग्निकांड के बाद मथुरा में भी अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। इसी क्रम में मंगलवार को पुलिस कार्यालय में अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) सुरेश चंद्र रावत की अध्यक्षता में जनपद के सभी फायर स्टेशन प्रभारियों और यूपी-112 अधिकारियों की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने तथा आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक के दौरान जनपद के सभी फायर स्टेशनों पर उपलब्ध फायर फाइटिंग उपकरणों, संचार व्यवस्था और इमरजेंसी रिस्पांस सिस्टम की विस्तार से समीक्षा की गई। अपर पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अपने-अपने क्षेत्रों में तहसीलवार प्रशिक्षित अग्नि सचेतकों की सूची तैयार करें और पिछले तीन वर्षों में जारी की गई फायर एनओसी का अद्यतन रिकॉर्ड भी उपलब्ध कराएं।
इसके साथ ही जनपद में स्थित सभी जी+3 व्यावसायिक भवनों और हाईराइज इमारतों का विस्तृत डाटा तैयार करने के निर्देश दिए गए। इसमें भवन स्वामियों की जानकारी, भवन में प्रतिदिन आने-जाने वाले लोगों की संख्या, वेंटिलेशन व्यवस्था तथा अन्य सुरक्षा मानकों का पूरा विवरण शामिल किया जाएगा।
अपर पुलिस अधीक्षक सुरेश चंद्र रावत ने सभी फायर स्टेशन प्रभारियों को निर्देशित किया कि वे अपने क्षेत्रों में स्थित बड़े व्यावसायिक भवनों, कोचिंग सेंटरों, अस्पतालों और अन्य भीड़भाड़ वाले प्रतिष्ठानों का स्थलीय निरीक्षण कर वहां लगे अग्निशमन उपकरणों और सुरक्षा व्यवस्थाओं का सत्यापन करें। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सुरक्षा मानकों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
प्रशासन का उद्देश्य जनपद में अग्नि सुरक्षा को लेकर व्यापक तैयारी सुनिश्चित करना है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में जनहानि और नुकसान को न्यूनतम किया जा सके। बैठक में अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए गए।