दीपावली, गोवर्धन पूजा, भाई दूज (यम द्वितीया), गोपाष्टमी, अक्षय नवमी और देव प्रबोधनी एकादशी सहित आगामी प्रमुख त्योहारों को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। 16 अक्टूबर 2026 को जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह की अध्यक्षता में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में साफ-सफाई, निर्बाध बिजली आपूर्ति, स्वास्थ्य सेवाओं, यातायात प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि त्योहारों के दौरान आमजन और श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ काम करें और अपने-अपने क्षेत्रों में व्यवस्थाओं को समय रहते दुरुस्त कर लें।
साफ-सफाई, पेयजल और सड़कों की मरम्मत पर जोर
जिलाधिकारी ने नगर निगम, समस्त अधिशासी अधिकारियों और जिला पंचायत राज अधिकारी को शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। नालों और नालियों की सफाई के साथ प्रमुख स्थानों पर पेयजल तथा शौचालय की व्यवस्था दुरुस्त रखने को कहा गया।
नगर निगम और लोक निर्माण विभाग को अपने-अपने क्षेत्रों में सड़कों की मरम्मत कराने के निर्देश दिए गए, ताकि त्योहारों के दौरान लोगों को आवागमन में परेशानी न हो। नगर निगम और मथुरा-वृंदावन विकास प्राधिकरण को सभी स्ट्रीट लाइट चालू रखने के लिए भी कहा गया।
निर्बाध बिजली आपूर्ति के साथ हादसों की रोकथाम के निर्देश
त्योहारों के दौरान विद्युत व्यवस्था को लेकर जिलाधिकारी ने बिजली विभाग को निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने खुले ट्रांसफॉर्मरों के चारों ओर बैरिकेडिंग कराने, खुले और लटकते बिजली के तारों को ठीक कराने तथा विद्युत पोल की रैपिंग सुनिश्चित करने को कहा, जिससे किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके।
ग्रामीण क्षेत्रों में भी साफ-सफाई और आवश्यक व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने के लिए पंचायत विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया गया।
सोशल मीडिया पर निगरानी, अफवाह फैलाने वालों पर होगी कार्रवाई
त्योहारों के दौरान शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिलाधिकारी ने पुलिस विभाग को सतर्कता के साथ ड्यूटी करने के निर्देश दिए। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पैनी नजर रखने और अफवाह फैलाने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने को कहा गया।
जिलाधिकारी ने समस्त उप जिलाधिकारियों और क्षेत्राधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में पीस कमेटी की बैठकें आयोजित करने, त्योहार रजिस्टर का अवलोकन करने तथा पूर्व में सामने आई समस्याओं के समाधान के लिए प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने संवेदनशील स्थानों और पूरे निर्धारित रूट का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया।
सुरक्षा व्यवस्था में व्यवधान उत्पन्न करने वाले शरारती तत्वों को चिह्नित कर नियमानुसार कार्रवाई करने और आवश्यकतानुसार नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए गए।
स्वास्थ्य सेवाएं, एंबुलेंस और अग्निशमन की रहेगी व्यवस्था
जिलाधिकारी ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को प्रमुख और महत्वपूर्ण स्थानों पर स्वास्थ्य टीमों तथा एंबुलेंस की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वहीं, अग्निशमन विभाग को आवश्यकतानुसार विभिन्न स्थानों पर दमकल गाड़ियों की तैनाती करने को कहा गया, ताकि आपात स्थिति में तत्काल सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के अधिकारियों को खाद्य पदार्थों की नियमित सैंपलिंग करने और दुकानदारों को खाद्य सुरक्षा मानकों के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए गए। मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को आवारा पशुओं को पकड़ने और निराश्रित गोवंश को गौशालाओं में पहुंचाने के लिए कहा गया।
यातायात व्यवस्था को लेकर भी विशेष तैयारी
त्योहारों के दौरान श्रद्धालुओं और आम नागरिकों की आवाजाही सुचारू बनाए रखने के लिए एसपी यातायात को प्रभावी यातायात प्रबंधन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। रूट डायवर्जन से संबंधित सूचनाओं का मीडिया के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार कराने को कहा गया, जिससे लोगों को पहले से यातायात व्यवस्था की जानकारी मिल सके और अनावश्यक जाम की स्थिति से बचा जा सके।
इसके अतिरिक्त सिविल डिफेंस के वालंटियर्स की तैनाती सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को लेकर भी संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में ये अधिकारी रहे मौजूद
समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व डॉ. पंकज कुमार वर्मा, अपर जिलाधिकारी प्रशासन अमरेश कुमार, अपर जिलाधिकारी नमामि गंगे नंद प्रकाश मौर्या, एसपी सिटी राजीव कुमार सिंह, एसपी यातायात राजेश कुमार तिवारी, नगर मजिस्ट्रेट अनुपम कुमार मिश्रा सहित विभिन्न समितियों के पदाधिकारी एवं संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
प्रशासन का मुख्य उद्देश्य आगामी त्योहारों को शांतिपूर्ण और सुरक्षित माहौल में संपन्न कराना, श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना तथा शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक सफाई, बिजली, स्वास्थ्य और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना है।