कोसीकलां में बिजली आपूर्ति और बिलिंग व्यवस्था को लेकर उपभोक्ताओं का गुस्सा फूट पड़ा। विद्युत विभाग के SDO कार्यालय पहुंचे एक व्यापारी और एक महिला ने अपनी समस्याओं के समाधान की मांग की, जहां बातचीत के दौरान तीखी नोकझोंक हो गई। दोनों ने विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है।
आटे के व्यापारी ने आरोप लगाया कि कई दिनों से खराब विद्युत व्यवस्था के कारण उसका कारोबार प्रभावित हो रहा है। व्यापारी का कहना है कि उसने कई बार फोन पर SDO से संपर्क कर समस्या बताई, लेकिन समाधान नहीं मिला। इसके बाद वह स्वयं कार्यालय पहुंचा। व्यापारी का आरोप है कि बातचीत के दौरान SDO ने पुलिस बुलाकर कार्रवाई कराने की चेतावनी दी। हालांकि, उसका कहना है कि वह केवल बिजली व्यवस्था में सुधार चाहता है, विवाद नहीं।
वहीं, एक महिला ने बिजली बिल में भारी गड़बड़ी का आरोप लगाया है। महिला के मुताबिक, उसने 1,700 रुपये का बिजली बिल जमा किया, लेकिन महज तीन दिन बाद उसके मोबाइल पर करीब 54 हजार रुपये का नया बिल आ गया। महिला का सवाल है कि जब उसने इतनी बिजली का उपयोग ही नहीं किया, तो इतना बड़ा बिल कैसे बना और वह इतनी बड़ी राशि कहां से जमा करेगी।
महिला ने यह भी आरोप लगाया कि वह पांच-छह दिनों से लगातार बिजली विभाग के चक्कर लगा रही है, लेकिन उसकी शिकायत का कोई समाधान नहीं हुआ। उसका कहना है कि शिकायत करने पर अधिकारियों की ओर से पुलिस बुलाने की बात कही गई, जिससे वह खुद को परेशान और असहाय महसूस कर रही है।
गोपालबाग और ग्रामीण क्षेत्र की बिलिंग व्यवस्था पर भी महिला ने सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि कई महीनों से मीटर रीडिंग नियमित रूप से नहीं ली जा रही, जिससे उपभोक्ताओं को वास्तविक खपत के बजाय अचानक हजारों रुपये के बिल भेजे जा रहे हैं। उन्होंने विभाग से बिलिंग व्यवस्था की जांच कर समयबद्ध समाधान की मांग की है।
पूरे मामले पर SDO ने ओवरलोड को बिजली समस्या का मुख्य कारण बताया। उनका कहना है कि ओवरलोड के चलते विद्युत आपूर्ति प्रभावित हो रही है और विभाग लगातार समस्या के समाधान के प्रयास कर रहा है। उन्होंने आश्वासन दिया कि तकनीकी समाधान होते ही बिजली व्यवस्था में सुधार किया जाएगा।