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क्यों कहलाते हैं भगवान शिव ‘मथुरा के कोतवाल’

मथुरा (Mathura) भारत के राज्य उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) का एक शहर और जिला है. मथुरा लोकसभा क्षेत्र में पांच विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं (Mathura Assembly Constituency). 

2011 की जनगणना के आंकड़ों के अनुसार मथुरा की जनसंख्या 25 लाख से ज्यादा है और इसका क्षेत्रफल 3,340 वर्ग किमी है. हर एक वर्ग किलोमीटर में 763 लोग रहते हैं ( Mathura Population). इस जिले की 70.36 फीसदी जनसंख्या साक्षर है. इनमें पुरुष 81.97 फीसदी और महिलाओं की साक्षरता दर 56.89 फीसदी है (Mathura, Literacy). इस जिले का लिंग अनुपात 863 है (Mathura Sex ratio).

मथुरा ऐतिहासिक रूप से कुषाण राजवंश के द्वारा बसाया गया नगर है. भगवान कृष्ण काल से लगभग 7500 वर्ष पहले से ही यह नगर अस्तित्व में है. मथुरा भारतीय संस्कृति और सभ्यता का केंद्र रहा है. महाकवि सूरदास, संगीत के आचार्य स्वामी हरिदास, स्वामी दयानंद के गुरु  स्वामी विरजानंद, चैतन्य महाप्रभु जैसे महान लोगों के नाम इस शहर से जुड़ा हुआ है (Mathura History).

यमुना नदी के किनारे बसा मथुरा श्री कृष्ण की जन्मभूमि (Krishna Birth Place) है जिसके वजह से यह धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में प्रसिद्ध है. पौराणिक साहित्य में मथुरा को अनेक नामों से संबोधित किया गया है जैसे- शूरसेन नगरी, मधुपुरी, मधुनगरी, मधुरा. 

मथुरा के चारों ओर से शिव मंदिर बना हुआ है- पूर्व में पिपलेश्वर का, दक्षिण में रंगेश्वर का और उत्तर में गोकर्णेश्वर का और पश्चिम में भूतेश्वर महादेव का मन्दिर है. चारों दिशाओं में स्थित होने के कारण भगवान शिव को मथुरा का कोतवाल कहते हैं. माना जाता है कि भगवान् कृष्ण ने कंस वध के बाद यहीं पर विश्राम लिया था. यहां हर दिन सुबह-शाम यमुनाजी की आरती होती है (Yamuna Aarti).

मथुरा में ब्रजभाषा बोली जाती (Language) है. यहां संगीत का प्रचलन बहुत पुराना है, बांसुरी ब्रज का प्रमुख वाद्य यंत्र है. संगीत शिरोमणि स्वामी हरिदास जी, इनके गुरु आशुधीर जी तथा उनके शिष्य तानसेन, बैजूबावरा के गुरु श्री हरिदास जी यहीं के थे. स्वामी हरिदास जी ने ही ब्रज-संगीत और रास–नृत्य की परम्परा चलाई थी. ब्रज में कई तरह की गायन शैलियां प्रचलित हैं और रसिया ब्रज की प्राचीनतम गायकी कला में से एक है. मथुरा की होली बहुत प्रसिद्ध है (Mathura Holi) इस त्योहार में शामिल होने के लिए लोग देश-विदेश से आते हैं (Music).

यहां के पर्यटन स्थलों में बांके बिहारी मंदिर, कृष्ण जन्मभूमि, द्वारकाधीश मंदिर, गोवर्धन पर्वत और मथुरा संग्रहालय प्रमुख हैं

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