अयोध्या। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान धार्मिक स्थलों की मर्यादा और कानून व्यवस्था को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि यदि कोई हनुमानगढ़ी में नमाज पढ़ने की बात करेगा, तो क्या जामा मस्जिद में हनुमान चालीसा का पाठ कराया जाएगा?
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि प्रत्येक धर्म के अपने पूजा-स्थल और परंपराएं हैं, जिनका सम्मान किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी धार्मिक स्थल की गरिमा और मर्यादा बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है तथा कानून व्यवस्था से खिलवाड़ की अनुमति नहीं दी जा सकती।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने अयोध्या के विकास कार्यों का भी उल्लेख करते हुए कहा कि आज अयोध्या वैश्विक आस्था और सांस्कृतिक विरासत का केंद्र बन चुकी है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार धार्मिक स्थलों के संरक्षण और श्रद्धालुओं की सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार कार्य कर रही है।