वृंदावन के मथुरा रोड स्थित वर्मा हॉस्पिटल में नवजात बच्चे की मौत के बाद परिजनों ने डॉक्टर और अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। घटना के बाद अस्पताल परिसर में तनाव का माहौल बन गया और परिजनों ने न्याय की मांग करते हुए पुलिस को शिकायत दी है।
जानकारी के अनुसार रंगजी छावनी निवासी पूनम पत्नी विनोद यादव को प्रसव के लिए सोमवार को वर्मा हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल संचालक एवं चिकित्सक डॉ. प्रवीण वर्मा ने महिला का सिजेरियन ऑपरेशन किया था। ऑपरेशन के बाद मां और नवजात की निगरानी की जिम्मेदारी अस्पताल पर थी।
परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के बाद से ही डॉ. प्रवीण वर्मा अस्पताल में मौजूद नहीं थे और पिछले दो दिनों से अस्पताल से अनुपस्थित रहे। उनका कहना है कि अस्पताल में किसी अन्य योग्य डॉक्टर की व्यवस्था भी नहीं की गई थी और पूरा अस्पताल केवल नर्सिंग स्टाफ के भरोसे संचालित हो रहा था।
आरोप है कि समय पर उचित चिकित्सकीय देखभाल और इलाज नहीं मिलने के कारण नवजात बच्चे की हालत बिगड़ती चली गई और अंततः उसकी मौत हो गई। बच्चे की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और परिजनों ने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
नवजात के पिता विनोद यादव ने मामले की लिखित शिकायत स्थानीय पुलिस को दी है। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस का कहना है कि शिकायत के आधार पर पूरे मामले की जांच की जा रही है तथा जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
परिजनों ने डॉक्टर और अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।