उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती जिले से एक बेहद चौंकाने वाली और साहस से भरी घटना सामने आई है। यहां एक किशोर पर अचानक तेंदुए ने हमला कर दिया, लेकिन जान बचाने के लिए उसने हार नहीं मानी और करीब आधे घंटे तक खूंखार तेंदुए से संघर्ष करता रहा। इस दौरान खेतों में चीख-पुकार मच गई और आसपास के ग्रामीण भी मौके की ओर दौड़ पड़े। आखिरकार संघर्ष के दौरान तेंदुए की मौत हो गई, जबकि किशोर गंभीर रूप से घायल हो गया।
जानकारी के अनुसार, किशोर खेत की ओर गया था तभी झाड़ियों में छिपे तेंदुए ने उस पर हमला बोल दिया। अचानक हुए हमले से वह घबरा गया, लेकिन हिम्मत नहीं हारी। उसने पूरी ताकत से तेंदुए का मुकाबला किया और खुद को उसके चंगुल से छुड़ाने की कोशिश करता रहा। संघर्ष इतना जबरदस्त था कि काफी देर तक दोनों के बीच जानलेवा जंग चलती रही।
घटना की आवाज सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और शोर मचाना शुरू कर दिया। ग्रामीणों की मौजूदगी और लगातार चले संघर्ष के बीच तेंदुआ खेत में गिर पड़ा। बाद में उसकी मौत हो गई। वहीं घायल किशोर को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। डॉक्टरों के अनुसार उसके शरीर पर पंजों और दांतों के कई गहरे घाव हैं, हालांकि उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
घटना की सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची और तेंदुए के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। अधिकारियों का कहना है कि तेंदुए की मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। वहीं गांव में इस घटना के बाद दहशत का माहौल है और लोग जंगल व खेतों की ओर जाने में सावधानी बरत रहे हैं।
यह घटना न केवल मानव और वन्यजीव संघर्ष की गंभीरता को दिखाती है, बल्कि एक किशोर की अदम्य बहादुरी की मिसाल भी बन गई है। पूरे इलाके में उसकी साहसिक लड़ाई की चर्चा हो रही है।