मध्य प्रदेश के मऊगंज जिले की रहने वाली 18 वर्षीय NEET अभ्यर्थी आकांक्षा चतुर्वेदी की मौत ने पूरे देश को भावुक कर दिया है।
आकांक्षा की मां का कहना है कि NEET परीक्षा देकर लौटने के बाद उनकी बेटी बेहद खुश थी और उसे पूरा विश्वास था कि इस बार उसका मेडिकल कॉलेज में चयन हो जाएगा।
लेकिन पेपर लीक और दोबारा परीक्षा की चर्चा ने उसे अंदर से तोड़ दिया। बनकर पूरे परिवार की जिंदगी बदल देगी। उसमें दोबारा परीक्षा देने का साहस नहीं है और वह परिवार पर और बोझ नहीं बनना चाहती। वह इतना बड़ा कदम उठा लेगी।
लेकर गंभीर बहस छेड़ दी है। आकांक्षा की मौत के बाद पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और हर किसी की आंखें नम हैं।